सूरजपुर : कलेक्टर सुश्री इफ्फत आरा की अध्यक्षता में तथा मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. आर. एस. सिंह एवं सिविल सर्जन सह मुख्य अस्पताल अधीक्षक डॉ. शशि तिर्की के मार्गदर्शन में जिला चिकित्सालय में राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम चिरायु का निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर प्रातः 9 बजे से शाम 4 बजे तक आयोजित किया गया जिसमें 521 बच्चों का पंजीयन एवं परीक्षण किया गया। शिविर में हृदय रोग, जनरल मेडिसीन, नेत्र रोग, जनरल सर्जरी, अस्थि रोग, शिशु रोग, फीजियोथेरेपी विशेषज्ञों के द्वारा 0-18 वर्ष के बच्चों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया।
हृदय रोग के लिये रायपुर एनएचएमएमआई के डॉ. किंजल वक्शी द्वारा 42 हृदय रोग से संबंधित बच्चों का इकोकार्डियोग्राफी किया गया जिसमें 38 बच्चों के हृदय रोग की पुष्टि हुई। शिशु रोग विशेषज्ञ डॉ. प्रियंक पटेल एवं डॉ. अजय मरकाम द्वारा 381 बच्चों का स्वास्थ्य जांच किया गया जिसमें 78 बच्चे एसएएम (गंभीर तीव्र कुपोषित) एवं 82 बच्चे एमएएम (मध्यम तीव्र कुपोषित) की पुष्टि की गई तथा 223 जिनको अन्य स्वास्थ्य संबंधी परेशानी थी उनका जांच एवं उपचार किया गया।
नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. तेरस कंवर द्वारा 01 जन्मजात मोतियाबिंद तथा 03 अन्य संक्रमण की पुष्टि की गयी तथा रैफर किया गया। शेष 14 अन्य आंख संबंधी रोग का जांच एवं उपचार किया गया। अस्थि रोग विशेषज्ञ डॉ. विकास गुप्ता एवं फिजियोथेरेपिस्ट श्रीमती सुमन सिंह ने 12 बच्चों में पैरों की विकृति तथा 14 सेरेब्रल पॉलिसी के बच्चों की पुष्टि की तथा 17 अन्य अस्थि एवं मांस पेशी संबंधित बीमारियों का जांच एवं उपचार किया गया।
भेषज विशेषज्ञ डॉ. रोहित पटेल तथा ऑडियोलॉजिस्ट श्रीमती दुर्गा देवांगन द्वारा स्पीच डेसीब्लेटी के 13 जूविनाईल डॉयविटिज के 01, डाऊन सिमड्रोम के 02 तथा कंजनाईट्ल डेफनेस के 01 बच्चों की पुष्टि की गयी। सर्जरी विशेषज्ञ डॉ. संदीप जायसवाल द्वारा 03 कटे-फटे होंठ तथा अन्य सर्जरी के 03 केसों की पुष्टि की। शिविर आयोजन में चिरायु दल, डीपीएमयू स्टॉफ, एनएचएमएमआई काडिनेटर एनआरसी फिडिंग डिमोस्ट्रेटर श्रीमती हेमलता राजवाडे एवं रूपा सोंधिया, नर्सिंग कॉलेज स्टूडेन्ट्स, चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी द्वारा कार्यक्रम को सफल बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया गया।




