
राजनांदगांव _शहर में नवरात्र के मौके पर जहां एक ओर गरबा महोत्सव भक्ति और उल्लास का प्रतीक बने हुए थे, वहीं लायंस क्लब द्वारा आयोजित गरबा आयोजन अब सवालों के घेरे में आ गया है। आयोजन में बिजली चोरी का आरोप सामने आया है। सोशल मीडिया पर लगातार यह चर्चा है कि आयोजन में कटिया डालकर बिजली का उपयोग किया गया।

गौरतलब है कि लायंस क्लब एक सेवाभावी संस्था के रूप में जानी जाती है, लेकिन इस बार उसी सेवाभाव की आड़ में क्लब के अध्यक्ष ने बिजली चोरी का मामला सामने आना संस्था की छवि पर गंभीर प्रश्नचिह्न लगा रहा है। आरोप है कि विद्युत विभाग ने भी अब तक कोई सख्त कार्यवाही नहीं की है, बल्कि लेन-देन के जरिए मामले को दबाने की कोशिश की जा रही है।
मिली जानकारी के अनुसार इस पूरे मामले में भाजपा के एक पार्षद की भूमिका भी बताई जा रही है। आम जनता का कहना है कि अगर आम आदमी एक माह का बिल न भरे तो तुरंत कनेक्शन काट दिया जाता है, लेकिन बड़े आयोजनों में चोरी होते हुए विभाग क्यों खामोश है? सूचना पर विद्युत विभाग ने छापामार कार्रवाई की लेकिन क्या कार्यवाही की ओ अब तक गुप्त है सालों साल से लायंस क्लब को सेवाभाव के नाम से जाना जाता है लेकिन इस बार नए अध्यक्ष अमित खंडेलवाल ने पहले क्लब को कांग्रेस पार्टी के छत्तीसगढ़ प्रभारी के राजनांदगांव आगमन पर पूरी तरह कांग्रेस के नेताओं के स्वागत अभिनंदन पोस्टर के साथ क्लब के चौक पर लगाए थे और अब अध्यक्ष ने बिजली चोरी कर गरबा कर क्लब का नाम खराब किया है क्या ऐसे में सालों साल पुरानी क्लब का छवि खराब करने वाले अध्यक्ष पर क्लब कार्यवाही करेगी या फिर बाकी क्लब के सदस्य या पदाधिकारी इस बिजली चोरी में हिस्सेदार बनकर क्लब का नाम बदनाम करेगा फिलहाल देखना यह होगा कि विद्युत विभाग इस बड़े क्लब पर क्या कार्यवाही करती है




