रानीतराई : किसी भी कार्य को करने के पूर्व अपनी असफलता के बारे में नहीं सोचना चाहिए। छात्र अपनी आंतरिक प्रतिभा- क्षमता को प्रस्फुटित होने दे। “सिटकान “द्वारा 1500 वस्तुओं के निर्माण और युवाओं को स्वयं के व्यवसाय एवं उद्यम लगाने के लिए युवाओं को प्रेरित कर्ता है। इसी उद्देश्य से यह कार्यशाला आयोजित की गई है।
उपरोक्त विचार स्व. दाऊ रामचंद्र साहू शासकीय महाविद्यालय में आयोजित “सिटकान की कार्यशाला” में द्वितीय दिवस के मुख्य अतिथि एवं सिटकान के एसोसियेट सिविल इंजीनियर श्री योगेश शर्मा ने व्यक्त किया। श्री शर्मा ने प्रोजेक्टर के माध्यम से दो घंटे तक निरन्तर छात्रों को अपना व्यवसाय तथा उद्यम को प्रारम्भ करने हेतु विस्तृत जानकारी दी ।

कार्यक्रम के प्रारंभ में अपने स्वागत भाषण में डॉ. आलोक शुक्ला ने कहा कि आज समय की मांग है कि छात्र नौकरी के बजाय अपने स्वयं के व्यवसाय की ओर अग्रसर हो। पूरे विश्व की निगाहें हमारे देश की ओर हैं क्योंकि पूरे विश्व में सर्वाधिक युवा भारत में हैं। भारतीय युवा वैश्विक स्तर की संस्थाओं में नेतृत्व कर भारत को गौरवान्वित कर रहे हैं।
प्रदेश मुख्यमंत्री माननीय श्री भूपेश बघेल भी प्रदेश के युवाओ को स्वयं के व्यवसाय को प्रारम्भ करने के लिए शासन की अनेक योजनाएं प्रारम्भ की है। इसी उद्देश्य की प्राप्ति के “सिटकान की कार्यशाला “आयोजित की गई है ताकि इस अंचल के युवा स्वयं का व्यवसाय या उद्यम प्रारम्भ कर आत्म निर्भर हो सके ।

कार्यशाला में महाविद्यालय के वरिष्ठ प्राध्यापक श्री चंदन गोस्वामी (जन सम्पर्क प्रभारी) ने कार्यशाला की जानकारी देते हुए बताया कि इस महाविद्यालय में पूर्व में आयोजित कार्यशाला TCS (टाटा कंसल्टेंसी सर्विस) के माध्यम से छात्र राष्ट्रीय- अंतर्राष्ट्रीय की संस्थाओं से जुड़कर रानीतराई-पाटन अंचल को गौरवान्वित कर सकते हैं।
श्री गोस्वामी ने बताया कि महाविद्यालय में पूर्व से ही “रोजगार सेल ” गठित है। हर छात्र की क्षमता अलग होती है, छात्र अपनी योग्यता को पहचान कर प्रदर्शित करें जिससे महाविद्यालय और पाटन अंचल गौरवान्वित हो सके। कार्यक्रम में कु. रेशमी महेश्वर, श्रीमती शगुफ़्ता सिद्दीकी
श्रीमती अराधना देवांगन कु.रेणुका वर्मा, कु.माधुरी बंछोर, श्री टिकेश्वर पाटिल, श्रीमती ममिता साहू,कु.शिखा मारिया तथा श्रीमती महेश्वरी निषाद आदि ने सक्रिय सहयोग दिया। कार्यक्रम का संचालन नोडल अधिकारी कु.भारती गायकवाड़ ने किया तथा आभार प्रदर्शन कु.रेशमी महेश्वर ने किया। इस कार्यशाला में बड़ी संख्या में छात्र- छात्राओं ने भाग लिया ।





