गरियाबंद। बरसात के इस मौसम में जिले के ग्रामीण इलाकों में बिजली की व्यवस्था ठप्प है। लगातार घंटो तक बिजली गुल रहने से ग्रामीण परेशान है। कई गांवों में पेयजल आपूर्ति संकट में है। ग्रामीण क्षेत्रों में बरसात के मौसम में सांप बिछुओं का खतरा भी लगातार बना रहता है। ऐसे समय में जब विद्युत आपूर्ति की नितांत आवश्यकता होती है, तब विद्युत विभाग की लचर व्यवस्था सामने आ जाती है, सवाल उठता है कि मानसून पूर्व संधारण के नाम पर विभाग द्वारा जो उठा पटक की जाती है , उसका रिजल्ट क्या आता है। ⬇️शेष नीचे⬇️
सूत्रों के अनुसार जिले में पदस्थ विभाग के एक्जीक्यूटिव इंजीनियर अपनी मनमानी और मर्जी से चल रहे हैं, उनका कार्यालय आना जाना भी मन मुताबिक होता है, उन्हें लगता है कि वें ऐसे सुरक्षित स्थान पर पदस्थ है जहां उनकी मनमानी और मनमर्जी पर कोई आंच नही आएगी। इसीलिये कार्यालय आना, नही आना, उनके मूड पर डिपेंड करता है। उनकी इस मनमानी का खामियाजा जिले के ग्रामीण अंचल के उपभोक्ता उठा रहे हैं।




