आरोपियों को रिहा करके BJP ने दिखाया चेहरा – कुलबीर सिंह छाबड़ा

राजनांदगांव : गोधरा कांड के समय गर्भवति महिला से सामूहिक दुष्कर्म के 11 आरोपियों की सजा माफ करना भाजपा के असली चेहरे को उजागर कर रहा है। एक ओर पीएम नरेंद्र मोदी महिला शक्ति और मजबूती का दावा करते हैं, वहीं दूसरी ओर उनकी पार्टी उनके ही गृह प्रदेश में गैंगरेप के आरोपियों को रिहा करती है। यह भाजपा के कथनी और करनी के अंतर को स्पष्ट कर रही है।

उक्त बातें शहर कांग्रेस जिलाध्यक्ष कुलबीर सिंह छाबड़ा ने कहते हुए भाजपा के इस फैसले पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि जिन आरोपियों को सीबीआई कोर्ट से उम्रकैद की सजा हुई और तमाम कोर्ट से सजा को यथावत रखा, उन्हें अमृत महोत्सव के दौरान रिहा करना शर्मनाक है।  कुलबीर सिंह छाबड़ा ने कहा कि केंद्र की मौजूदा नीति के तहत भी यह फैसला नियम विपरित है।

गंभीर अपराधों में संलिप्त आरोपियों की सजा माफ नहीं की जा सकती। इसके बाद भी गुजरात में गैंगरैप के आरोपियों केा सजा पूरी होने से पहले रिहा कर दिया गया। वहीं इन आरोपियों का स्वागत सत्कार भी किया। यह देश के लिए काला दिन के सामान है। आरोपियेां ने पांच माह की गर्भवति से सामूहिक दुष्कर्म किया और उसकी तीन साल के बच्ची की हत्या भी कर दी।

यह अपराध किसी भी स्थिति में क्षमा योग्य नहीं हैं। लेकिन भाजपा ने ऐसे अपराधियों को रिहा कर अपना असली चेहरा और चरित्र दिखाया है। छाबड़ा ने कहा कि पहले आरोपियों को रिहा करना और फिर उनका कैमरे के सामने स्वागत सत्कार करना संवेदनहीनता और अन्याय की पराकाष्ठा है।

मूल रुप से भाजपा अपराधियों को संरक्षण देने वाली पार्टी बन गई है, इस घटनाक्रम ने इसे साबित भी कर दिया है।  यह बेहद दुर्भाग्यजनक है कि प्रधानमंत्री लाल किले से देश को महिला सुरक्षा के लिए संकल्प दिलाते हैं, वहीं इसी दौरान गर्भवति महिला से दुष्कर्म के आरोपियों को रिहा किया जा रहा है। गुजरात में चुनाव से पहले तुष्टिकरण के लिए भाजपा सरकार ने ऐसा फैसला किया है।

“छत्तीसगढ़ 24 न्यूज़” के लिए राजनांदगांव से दीपक साहू

ताज़ा खबरे

Video News

"छत्तीसगढ़ 24 न्यूज़" के कंटेंट को कॉपी करना अपराध है। 

error: \"छत्तीसगढ़ 24 न्यूज़\" के कंटेंट को कॉपी करना अपराध है।