लोक परीक्षा संशोधन विधेयक 2026: युवाओं के सुरक्षित भविष्य की दिशा में ऐतिहासिक कदम: रामजी भारती

परीक्षा माफिया और पेपर लीक पर लगेगा प्रभावी अंकुश, पारदर्शिता से मजबूत होगा युवाओं का विश्वास: भाजपा
भिलाई
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के भिलाई जिला प्रभारी रामजी भारती ने लोकसभा में ‘लोक परीक्षा (अनुचित साधन निवारण) संशोधन विधेयक, 2026’ के पारित होने का पुरजोर स्वागत किया है। उन्होंने इसे देश के करोड़ों युवाओं के सुरक्षित भविष्य, ईमानदार प्रतिभा और पारदर्शी परीक्षा व्यवस्था की दिशा में एक ऐतिहासिक एवं दूरदर्शी कदम करार दिया। रामजी भारती ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार युवाओं के सपनों, उनके कठोर परिश्रम और भविष्य की सुरक्षा के लिए लगातार ठोस व प्रभावी निर्णय ले रही है।
पेपर लीक और नकल माफिया पर कसा जाएगा शिकंजा
मामले पर विस्तृत बात रखते हुए भाजपा जिला प्रभारी रामजी भारती ने कहा कि प्रतियोगी परीक्षाएं करोड़ों युवाओं की वर्षों की मेहनत, आशाओं और विश्वास का आधार होती हैं। प्रश्नपत्र लीक, नकल माफिया और संगठित अपराध जैसी गतिविधियां न केवल योग्य अभ्यर्थियों के साथ सरासर अन्याय करती हैं, बल्कि पूरे परीक्षा तंत्र की विश्वसनीयता को भी चोट पहुँचाती हैं। इस नए संशोधन विधेयक के माध्यम से परीक्षा संबंधी अपराधों के खिलाफ दंडात्मक प्रावधानों को पहले से कहीं अधिक कठोर और प्रभावी बनाया गया है, जिससे परीक्षा माफिया व संगठित गिरोहों पर नकेल कसी जा सकेगी।
सेवा प्रदाताओं की तय होगी जवाबदेही
उन्होंने आगे कहा कि इस कानून से परीक्षा आयोजित करने वाली एजेंसियों और सेवा प्रदाताओं (Service Providers) की जवाबदेही और अधिक सुनिश्चित होगी। इससे संपूर्ण परीक्षा प्रणाली अधिक पारदर्शी, उत्तरदायी और विश्वसनीय बनेगी। जब परीक्षा प्रणाली सुरक्षित होगी, तो प्रतिभाशाली और मेहनती युवाओं को उनकी योग्यता के अनुसार निष्पक्ष अवसर प्राप्त होंगे।
युवा हित केंद्र सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता
रामजी भारती ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार ने हमेशा युवाओं के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता पर रखा है। नई शिक्षा नीति, कौशल विकास, रोजगार सृजन और डिजिटल पारदर्शिता के बाद अब परीक्षा प्रणाली को सुरक्षित बनाना युवाओं के भविष्य को सशक्त बनाने वाली एक महत्वपूर्ण कड़ी है।
विकसित भारत के निर्माण में सहायक होगा विधेयक
अपने वक्तव्य के अंत में उन्होंने जोर देते हुए कहा कि ‘विकसित भारत’ का निर्माण तभी संभव है, जब देश की युवा शक्ति को उनकी मेहनत का सही फल मिले और पारदर्शी चयन प्रक्रिया उपलब्ध हो। यह संशोधन विधेयक ईमानदार प्रतिभाओं का संरक्षण करने और परीक्षा संबंधी अनियमितताओं पर करारा प्रहार करने का काम करेगा।





