GMC राजनांदगांव के इंटर्न डॉक्टरों के आंदोलन को IYC राष्ट्रीय सचिव निखिल द्विवेदी का समर्थन

* GMC राजनांदगांव के इंटर्न डॉक्टरों के आंदोलन को IYC राष्ट्रीय सचिव निखिल द्विवेदी का समर्थन…
* 15900 रू स्टाइपेंड बढ़ाकर 30 हजार करने की मांग को बताया जायज…

GMC राजनांदगांव के इंटर्न डॉक्टरों के आंदोलन को IYC राष्ट्रीय सचिव निखिल द्विवेदी का समर्थनराजनांदगांव। शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय (GMC) राजनांदगांव के जूनियर डॉक्टरों एवं इंटर्न छात्रों द्वारा स्टाइपेंड बढ़ाने की मांग को लेकर पिछले चार दिनों से काम बंद कर धरना-प्रदर्शन किया जा रहा है। आंदोलनरत डॉक्टरों की मांग है कि वर्तमान में मिल रहे ₹15900 मासिक स्टाइपेंड को बढ़ाकर ₹30,000 प्रतिमाह किया जाए।

आंदोलन को भारतीय युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय सचिव श्री निखिल द्विवेदी ने अपना समर्थन दिया। उन्होंने धरना स्थल पर पहुंचकर आंदोलनरत जूनियर डॉक्टरों एवं इंटर्न छात्रों से मुलाकात की और उनकी मांगों को सुना।

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इस दौरान निखिल द्विवेदी ने कहा कि इंटर्न डॉक्टर अस्पतालों में मरीजों की सेवा और चिकित्सा व्यवस्था में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी निभाते हैं। पढ़ाई पूरी करने के बाद अस्पतालों में नियमित रूप से कार्य करने वाले इन युवा चिकित्सकों को मिलने वाला ₹15900 का स्टाइपेंड उनकी जिम्मेदारियों और वर्तमान महंगाई के हिसाब से बेहद कम है।

GMC राजनांदगांव के इंटर्न डॉक्टरों के आंदोलन को IYC राष्ट्रीय सचिव निखिल द्विवेदी का समर्थनउन्होंने कहा कि जब युवा डॉक्टर दिन-रात मरीजों की सेवा में अपनी जिम्मेदारी निभा रहे हैं, तो उनके मेहनत और समय का उचित सम्मान भी होना चाहिए। ₹30,000 मासिक स्टाइपेंड की मांग पूरी तरह जायज है और सरकार को इस मामले में संवेदनशीलता के साथ तत्काल निर्णय लेना चाहिए।

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निखिल द्विवेदी ने कहा कि सरकार को आंदोलन को दबाने के बजाय आंदोलनरत डॉक्टरों से संवाद कर उनकी मांगों का समाधान निकालना चाहिए। उन्होंने कहा कि युवा डॉक्टरों के अधिकार और सम्मान की लड़ाई में भारतीय युवा कांग्रेस उनके साथ खड़ी है।

उन्होंने शासन एवं प्रशासन से मांग की कि GMC राजनांदगांव के इंटर्न डॉक्टरों की मांग पर तत्काल सकारात्मक निर्णय लेते हुए स्टाइपेंड ₹15900 से बढ़ाकर ₹30,000 प्रतिमाह किया जाए, ताकि आंदोलन समाप्त हो और चिकित्सा सेवाएं भी सुचारू रूप से संचालित हो सकें।

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