गुरुदेव देवांगन, राजनांदगांव/डोंगरगांव : नाबालिग बच्चों एवं महिलाओं के विरुद्ध होने वाले अपराधों पर कार्रवाई के तहत डोंगरगांव पुलिस ने एक नाबालिग बालिका को बहला-फुसलाकर ले जाने के मामले में आरोपी को उत्तर प्रदेश से गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार आरोपी की पहचान मोहित कुमार गौतम (23 वर्ष) के रूप में हुई है। आरोपी को न्यायालय में पेश करने के बाद न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।
पुलिस के मुताबिक, मामले में प्रार्थिया ने थाना डोंगरगांव में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसकी नाबालिग पुत्री 8 अप्रैल 2026 को दोपहर करीब 2 बजे घर से होटल में नाश्ता लेने जाने की बात कहकर निकली थी, लेकिन वापस नहीं लौटी। परिजनों ने आसपास के गांवों, रिश्तेदारों और सहेलियों के यहां तलाश की, लेकिन बालिका का पता नहीं चल सका। रिपोर्ट के आधार पर थाना डोंगरगांव में धारा 137(2) बीएनएस के तहत अपराध दर्ज कर मामले की जांच शुरू की गई। पुलिस टीम लगातार बालिका की तलाश और मामले से जुड़े संदिग्ध की पतासाजी में जुटी रही।
लखीमपुर खीरी पहुंची पुलिस टीम
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक सुश्री अंकिता शर्मा के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कीर्तन राठौर के मार्गदर्शन तथा पुलिस अनुविभागीय अधिकारी डोंगरगांव मंजूलता बाज के पर्यवेक्षण में थाना प्रभारी निरीक्षक आशीर्वाद राहटगांवकर के नेतृत्व में पुलिस टीम गठित की गई।
पुलिस टीम को नाबालिग बालिका की तलाश और आरोपी की गिरफ्तारी के लिए लखीमपुर खीरी, उत्तर प्रदेश भेजा गया। पुलिस के अनुसार, टीम ने 9 अगस्त 2026 को ग्राम नेहालीपुरवा, थाना फूलबेहड़, जिला लखीमपुर खीरी में आरोपी की पतासाजी की। इसी दौरान नाबालिग बालिका को बरामद किया गया और आरोपी को गिरफ्तार किया गया।
आरोपी को न्यायालय में किया पेश
पुलिस के मुताबिक पूछताछ और विवेचना के दौरान आरोपी के विरुद्ध अपराध में संलिप्तता पाए जाने पर उसे विधिवत गिरफ्तार किया गया। इसके बाद आरोपी को न्यायालय के समक्ष पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया। पुलिस ने बताया कि मामले में आगे की विवेचना जारी है।
इन पुलिसकर्मियों की रही महत्वपूर्ण भूमिका
इस कार्रवाई में निरीक्षक आशीर्वाद राहटगांवकर, थाना प्रभारी डोंगरगांव, उप निरीक्षक रामेश्वरी बघेल, प्रधान आरक्षक बृजमोहन यादव एवं आरक्षक चंद्रकांत सोनी की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार महिलाओं और बच्चों से जुड़े मामलों में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।





