चिरमिरी क्षेत्र को नई रेल सौगात: ₹602 करोड़ की नई ब्रॉडगेज लाइन के लिए टेंडर जारी
स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल के प्रयासों से क्षेत्र के विकास को मिली नई रफ्तार
दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे ने पाराडोल-नागपुर रोड लाइन के लिए आमंत्रित किए ई-टेंडर; 2 साल में पूरा होगा निर्माण
MCB / चिरमिरी
छत्तीसगढ़ के चिरमिरी अंचल को जल्द ही बेहतर रेल कनेक्टिविटी की एक ऐतिहासिक सौगात मिलने जा रही है। दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे (SECR) ने पाराडोल से नागपुर रोड स्टेशन तक 17.5 किलोमीटर लंबे नए ब्रॉडगेज सिंगल रेल लाइन के निर्माण और बोरीडांड-चिरमिरी लाइन के स्लूइंग कार्य के लिए आधिकारिक ई-निविदा (E-Tender) जारी कर दी है।
इंजीनियरिंग, प्रोक्योरमेंट एंड कंस्ट्रक्शन (EPC) मोड पर आधारित इस महत्वाकांक्षी परियोजना की अनुमानित लागत ₹601.90 करोड़ तय की गई है। इसे आगामी 2 वर्ष (730 दिन) की समय-सीमा के भीतर पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर (MCB) जिला प्रदेश के स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल का गृह क्षेत्र है। लंबे समय से लंबित इस मांग के पूरा होने से क्षेत्र के औद्योगिक, व्यापारिक और यात्री आवागमन की दिशा में एक नया अध्याय शुरू होगा।
क्या है पूरी परियोजना? (तकनीकी एवं निर्माण कार्य)
रेलवे द्वारा जारी टेंडर के अनुसार, यह कार्य पाराडोल टेकऑफ पॉइंट (किमी 947.257) से नागपुर रोड स्टेशन (किमी 964.820) तक नई ब्रॉडगेज लाइन बिछाने से जुड़ा है। इसके साथ ही बोरीडांड-चिरमिरी लाइन के स्लूइंग (पटरियों का समायोजन) का कार्य भी संपादित किया जाएगा।
परियोजना के मुख्य आकर्षण:
- आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर: केवल पटरी बिछाना ही नहीं, बल्कि बड़े पुलों, रोड ओवर ब्रिज (ROB), और रोड अंडर ब्रिज (RUB) का निर्माण।
- विशेष वायाडक्ट पुल: रेल यातायात को सुगम बनाने के लिए एक बड़े वायाडक्ट पुल का निर्माण किया जाएगा।
- हाई-टेक सिग्नलिंग: संपूर्ण रेल खंड में अत्याधुनिक सिग्नल एवं दूरसंचार प्रणाली और ऑप्टिकल फाइबर केबल (OFC) नेटवर्क बिछाया जाएगा।
- पूर्ण विद्युतीकरण: यह पूरी रेल लाइन 100% विद्युतीकृत (Electrified) होगी।
- स्टेशनों का कायाकल्प: नया चिरमिरी स्टेशन, पाराडोल जंक्शन और नागपुर रोड स्टेशन से जुड़े निर्माण कार्य भी इसी परियोजना के तहत आधुनिक सुविधाओं के साथ संपन्न होंगे।
‘औद्योगिक व व्यापारिक विकास का खुलेगा द्वार’ — मंत्री जायसवाल
क्षेत्रीय विधायक एवं प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने इस उपलब्धि पर हर्ष व्यक्त करते हुए कहा:
“चिरमिरी और संपूर्ण एमसीबी जिले के लोग लंबे समय से सीधी और बेहतर रेल सुविधा की मांग कर रहे थे। यह नई रेल लाइन देश के प्रमुख रेल मार्गों से हमारी कनेक्टिविटी को मजबूत करेगी। कोयला और खनिज बहुल क्षेत्र होने के कारण इससे माल परिवहन को गति मिलेगी, जिससे स्थानीय व्यापार और उद्योगों को सीधा लाभ होगा। निर्माण कार्य के दौरान स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे।”
मंत्री जायसवाल ने विश्वास दिलाया कि रेल कनेक्टिविटी के साथ-साथ क्षेत्र के समग्र विकास के लिए राज्य सरकार लगातार प्रयासरत है और आगे भी विकास कार्यों की गति धीमी नहीं पड़ने दी जाएगी।
क्षेत्रवासियों में भारी उत्साह, मंत्री के प्रयासों की सराहना
वर्षों पुरानी रेल विस्तार की मांग के धरातल पर उतरने से मनेंद्रगढ़, चिरमिरी और भरतपुर के नागरिकों, व्यापारियों व मजदूर संगठनों में खुशी की लहर है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल की लगातार पैरवी और रेलवे मंत्रालय से समन्वय के कारण ही यह बहुप्रतीक्षित परियोजना स्वीकृत हो सकी है।
आने वाले वर्षों में यह रेल लाइन न केवल आवागमन को सुलभ बनाएगी, बल्कि पर्यटन और स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी एक नई दिशा प्रदान करेगी।
परियोजना की मुख्य बिंदु
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विवरण |
आंकड़े / जानकारी |
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परियोजना लागत |
लगभग ₹601.90 करोड़ |
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कुल लंबाई |
17.5 किलोमीटर (लगभग) |
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निर्माण अवधि |
2 वर्ष (730 दिन) |
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मुख्य मार्ग |
पाराडोल से नागपुर रोड स्टेशन |
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कार्य का प्रकार |
ब्रॉडगेज सिंगल लाइन, ओवरब्रिज, अंडरब्रिज व विद्युतीकरण |
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कार्यान्वयन एजेंसी |
दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे (SECR) |