रायपुर : अंतर्राष्ट्रीय नशा निवारण दिवस के अवसर पर संकल्प सांस्कृतिक समिति की डायरेक्टर मनीषा शर्मा के निर्देशन में संकल्प नशा मुक्ति केंद्र शंकर नगर रायपुर, स्टेट लेवल कोऑर्डिनेटिंग एजेंसी, आउटरीच ड्रॉप-इन सेंटर एवं कम्युनिटी बेस्ड पीयर-लेड इंटरवेंशन के संयुक्त तत्वावधान में जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
यह कार्यक्रम नया रायपुर स्थित क्रिस्टल इंडिया लर्निंग स्कूल में आयोजित किया गया, जिसमें विद्यालय में अध्ययनरत बच्चों के पालकों को नशे के दुष्परिणाम, बचाव एवं उपचार के संबंध में विस्तार से जानकारी दी गई।
कार्यक्रम के दौरान विशेषज्ञों ने बताया कि अधिकांश बच्चे बचपन से अपने घर के बड़े सदस्यों, विशेषकर पिता या अन्य परिजनों को नशा करते हुए देखते हैं। यही कारण है कि कई बार बच्चे भी उसी आदत को अपनाने लगते हैं। वर्तमान समय में बच्चे घर में दैनिक उपयोग की कई वस्तुओं का भी नशे के रूप में दुरुपयोग कर रहे हैं, जो उनके शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य के लिए अत्यंत हानिकारक है।
वक्ताओं ने कहा कि नशे की लत के कारण कई बच्चे कम उम्र में ही अपराध की दुनिया की ओर बढ़ रहे हैं। नशीले पदार्थ खरीदने के लिए चोरी जैसी घटनाएं भी सामने आने लगी हैं, जो समाज के लिए गंभीर चिंता का विषय है।
पालकों से अपील की गई कि वे अपने बच्चों के साथ अधिक समय बिताएं, उनकी गतिविधियों पर नियमित नजर रखें तथा यदि किसी भी प्रकार की नशे की आशंका हो तो तत्काल किसी अधिकृत नशा मुक्ति केंद्र से संपर्क कर उचित परामर्श और उपचार लें।
कार्यक्रम में यह भी संदेश दिया गया कि अभिभावकों को स्वयं भी नशे से दूर रहना चाहिए। भले ही वर्तमान में नशे का असर स्पष्ट रूप से दिखाई न दे, लेकिन बढ़ती उम्र में इसके कारण कई गंभीर बीमारियों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है।
कार्यक्रम के दौरान बड़ी संख्या में उपस्थित महिलाओं एवं अभिभावकों ने नशा मुक्ति, बचाव के उपाय और उपचार से जुड़े विभिन्न प्रश्न पूछे, जिनका विशेषज्ञों ने विस्तार से उत्तर दिया। इस जागरूकता कार्यक्रम को सफल बनाने में संकल्प सांस्कृतिक समिति के सदस्यों तथा क्रिस्टल इंडिया लर्निंग स्कूल के प्रबंधन एवं स्टाफ का सराहनीय योगदान रहा।
