महासमुंद । जिला एवं सत्र न्यायालय महासमुंद परिसर स्थित नव निर्मित वैकल्पिक विवाद समाधान केन्द्र (एडीआर भवन) का लोकार्पण एवं महासमुंद, सरायपाली तथा बसना स्थित न्यायालय भवनों का भूमिपूजन वर्चुअल माध्यम से सम्पन्न हुआ। यह कार्यक्रम छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधिपति माननीय श्री रमेश सिन्हा की गरिमामयी उपस्थिति में आयोजित किया गया।
इस वर्चुअल उद्घाटन एवं भूमिपूजन समारोह में छत्तीसगढ़ राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, बिलासपुर के कार्यकारिणी अध्यक्ष माननीय न्यायमूर्ति श्री संजय के. अग्रवाल तथा उच्च न्यायालय, बिलासपुर के न्यायाधिपति एवं महासमुंद जिले के पोर्टफोलियो न्यायाधीश माननीय श्री दीपक कुमार तिवारी विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।
कार्यक्रम की अध्यक्षता माननीय प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्रीमती अनिता डहरिया ने की। इस अवसर पर कुटुंब न्यायालय के न्यायाधीश प्रफुल्ल सोनवानी, कलेक्टर महासमुंद विनय कुमार लंगेह, प्रथम अपर सत्र न्यायाधीश श्रीमती संघपुष्पा भतपहरी, द्वितीय अपर सत्र न्यायाधीश श्रीमती मोनिका जायवाल, उप पुलिस अधीक्षक श्रीमती प्रतिभा पाण्डेय, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट आनंद बोरकर, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण महासमुंद की सचिव श्रीमती आफरीन बानो, जिला अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष अनिल शर्मा, वनमंडलाधिकारी मयंक पाण्डेय सहित न्यायाधीशगण, अधिवक्ता संघ के पदाधिकारी, लीगल एड डिफेंस काउंसिल के अधिवक्ता, विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं न्यायालयीन कर्मचारी उपस्थित रहे। इस अवसर ने न्यायिक प्रणाली को अधिक सुलभ, प्रभावशाली और जनता के करीब लाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम चिह्नित किया।
