राजनांदगांव । शहर कांग्रेस कमेटी के महामंत्री वीरेंद्र चंद्राकर ने भाजपा सरकार पर किसानों की उपेक्षा करने का आरोप लगाते हुए कहा कि, केंद्र और राज्य सरकार किसानों की आय दोगुनी करने के बड़े-बड़े दावे करती रही है, लेकिन हकीकत यह है कि किसानों की आय तो नहीं बढ़ी, बल्कि खेती का खर्च लगातार बढ़ता जा रहा है। खाद की किल्लत और कालाबाजारी के कारण किसान आर्थिक और मानसिक संकट से गुजर रहे हैं।
श्री चंद्राकर ने जारी बयान में कहा कि भाजपा सरकार ने किसानों को राहत देने के बजाय उन्हें परेशानी में डालने का काम किया है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने बिचौलियों को किसानों का शोषण करने की खुली छूट दे रखी है जिसका खामियाजा प्रदेश के अन्नदाता भुगत रहे हैं।
श्री चंद्राकर ने कहा कि वर्तमान समय में खेती-किसानी के लिए सबसे महत्वपूर्ण खाद की उपलब्धता किसानों की जरूरत के अनुसार नहीं हो पा रही है। सरकारी सहकारी समितियों में पर्याप्त मात्रा में खाद उपलब्ध नहीं होने के कारण किसान घंटों लाइन में लगने के बावजूद खाली हाथ लौट रहे हैं। ऐसी स्थिति में किसानों के सामने निजी दुकानों और बिचौलियों से महंगे दामों पर खाद खरीदने के अलावा कोई दूसरा विकल्प नहीं बचता।
उन्होंने कहा कि बाजार में किसानों को खाद निर्धारित दर से कहीं अधिक कीमत पर खरीदनी पड़ रही है। कई स्थानों पर किसानों को खाद के साथ अन्य उत्पाद खरीदने के लिए भी मजबूर किया जा रहा है जिससे उनकी लागत और बढ़ रही है। खेती की बढ़ती लागत के कारण किसानों की आर्थिक स्थिति कमजोर हो रही है और वे मानसिक तनाव का भी सामना कर रहे हैं।
वीरेंद्र चंद्राकर ने कहा कि सरकार यदि वास्तव में किसानों के हितों के प्रति गंभीर है तो उसे तत्काल सभी सहकारी समितियों में पर्याप्त मात्रा में खाद उपलब्ध करानी चाहिए तथा कालाबाजारी और बिचौलियों पर सख्त कार्रवाई करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि किसानों को समय पर उचित मूल्य पर खाद उपलब्ध कराना सरकार की जिम्मेदारी है, लेकिन वर्तमान व्यवस्था में किसान स्वयं को ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं।
उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि किसानों की समस्याओं का जल्द समाधान नहीं किया गया तो कांग्रेस पार्टी किसानों के हित में आंदोलन करने के लिए बाध्य होगी। कांग्रेस हमेशा किसानों के अधिकारों और हितों की लड़ाई लड़ती रही है और आगे भी किसानों की आवाज बुलंद करती रहेगी।
